धान बेचने अब नहीं जाना होगा दूर, सरसेनी में नया खरीदी केंद्र खुलने से 784 किसानों को राहत: khabar 36 Garh is News bilaspur chhattisgarh


छोटे किसानों का बचेगा गाड़ी किराया और समय, सरसेनी सहित बकरकुदा और मटिया के किसानों को मिलेगी सुविधा

जिले में 14 नए केंद्रों के साथ अब 154 उपार्जन केंद्रों में होगी धान खरीदी

Mohmmad Nazir Hossain chief editor

ख़बर 36 गढ़ न्यूज़ बिलासपुर, 25 अक्टूबर 2026/ धान की उपज बेचने के लिए गाड़ी किराए पर लेने और कई किलोमीटर दूर जाने की परेशानी से अब सरसेनी सहित बकरकुदा और मटिया के किसानों को राहत मिलेगी। मस्तूरी विकासखंड की ग्राम पंचायत सरसेनी में इस खरीफ सीजन से नया धान खरीदी केंद्र खोला जा रहा है। केंद्र से तीनों गांवों के 784 किसानों को नजदीक में ही धान बेचने की सुविधा मिलेगी। इनमें 766 पुराने और लगभग 18 नए पंजीकृत किसान शामिल हैं। क्षेत्र के अधिकांश किसान छोटे कृषक हैं, जिनके लिए परिवहन खर्च में कमी बड़ी राहत होगी।
मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार किसानों को उनकी उपज का बेहतर मूल्य दिलाने के साथ ही धान बिक्री की सुविधा उनके नजदीक उपलब्ध कराने के लिए उपार्जन केंद्रों का विस्तार कर रही है। किसानों को धान का प्रति क्विंटल 3,100 रुपए मूल्य दिलाने की प्रतिबद्धता के साथ बिलासपुर जिले में 14 नए धान खरीदी केंद्र बनाए गए हैं। जिले के 140 पुराने और 14 नए केंद्रों को मिलाकर अब कुल 154 उपार्जन केंद्रों के माध्यम से धान खरीदी की जाएगी। इससे किसानों की दूरी घटेगी और धान परिवहन में लगने वाले खर्च तथा समय की बचत होगी।
ग्राम पंचायत सरसेनी की सरपंच श्रीमती आंचल नारायण सोल्डे ने बताया कि सरसेनी के किसानों को अब तक धान बेचने के लिए लगभग आठ किलोमीटर दूर जैतपुर जाना पड़ता था। छोटे किसानों को अपनी सीमित उपज ले जाने के लिए भी गाड़ी किराए पर करनी पड़ती थी। सरसेनी में केंद्र खुलने से आसपास के गांवों के किसानों को भी सुविधा मिलेगी। उन्होंने किसानों की लंबे समय से चली आ रही मांग पूरी होने पर मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के प्रति आभार व्यक्त किया।सरसेनी के किसान श्री मालिक राम कैवर्त ने बताया कि जैतपुर तक धान पहुंचाने में भाड़े के साथ काफी समय भी लगता था। गांव में ही खरीदी की सुविधा मिलने से अब धान बेचना आसान होगा। खेती की अन्य जरूरतों के लिए भी किसानों का समय बचेगा।
मटिया के किसान श्री राधेश्याम चंदेल ने बताया कि उन्हें धान बेचने के लिए जैतपुर तक लगभग 12 किलोमीटर की दूरी तय करनी पड़ती थी। उपज पहुंचाने के लिए वाहन की व्यवस्था करना और उसका किराया देना छोटे किसानों के लिए खर्च का बड़ा कारण था। अब पास में ही खरीदी केंद्र खुलने से यह परेशानी कम होगी। उन्होंने इस सुविधा पर खुशी व्यक्त करते हुए राज्य सरकार को धन्यवाद दिया । नया धान खरीदी केंद्र सरसेनी सेवा सहकारी समिति मर्यादित के अधीन संचालित होगा। समिति का पंजीयन क्रमांक 805 तथा संबद्ध सहकारी बैंक शाखा मल्हार है। इस खरीफ सीजन में धान खरीदी लगभग 15 नवंबर से शुरू होने की संभावना है। सरसेनी में नया केंद्र खुलने से क्षेत्र के किसानों के लिए अपनी मेहनत की उपज बेचना अधिक सुगम होगा।

